इन्दौर (ईएमएस) पंचम अपर सत्र न्यायाधीश एवं विशेष न्यायालय ने दुष्कर्म के प्रकरण की सुनवाई उपरांत आरोपी जो कि पीड़िता का सौतेला पिता ही है को दोषी करार देते 20 वर्ष के सश्रम कारावास और 21 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित कर पीड़िता को चार लाख रुपए प्रतिकर देने की अनुशंसा की। प्रकरण में अभियोजन पैरवी विशेष लोक अभियोजक सीमा शर्मा ने की। उनके अनुसार अभियोजन कहानी संक्षेप में इस प्रकार है कि घटना 25 मई 2024 की है। पुलिस को शिकायत में पीड़िता ने बताया था कि उसकी मां नौकरी पर गई थी और वह अपने भाई-बहनों के साथ घर पर थी। इसी दौरान सौतेला पिता घर आया और बेडरूम के दोनों दरवाजे बंद कर मोबाइल पर तेज आवाज में गाने चलाकर उसके साथ दुष्कर्म किया। घटना के बाद डरी हुई वह पड़ोसी के घर अपनी मां को फोन लगाने गई, लेकिन मां ने फोन नहीं उठाया। बालिका के रोने पर जब पड़ोसन ने उससे घटना के बारे में पूछा तो उसने पूरी बात उसे बताई। पड़ोसन फिर फोन लगा उसकी मां को जानकारी दी और पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ पॉक्सो एक्ट सहित अन्य धाराओं में मामला दर्ज कर विवेचना उपरांत प्रकरण चालान कोर्ट में पेश किया जहां सुनवाई उपरांत सक्षम न्यायालय ने उक्त निर्णय दिया। आनंद पुरोहित/ 19 अगस्त 2026