व्यापार
27-Jun-2026


- धीमी मॉनसून चाल ने बढ़ाई फिक्र, मंगलवार को बाजार में हुई बड़ी बिकवाली मुंबई (ईएमएस)। पिछले हफ्ते मोहर्रम की छुट्टी के कारण भारतीय शेयर बाजार में केवल चार कारोबारी सत्र रहे, जो उतार-चढ़ाव से भरे रहे। सप्ताह की शुरुआत सोमवार को शानदार उछाल के साथ हुई, निवेशकों के लिए खुशियां लेकर आई। हालांकि, मंगलवार को बाजार में तेज गिरावट देखने को मिली, जिससे शुरुआती बढ़त बेअसर हो गई। सप्ताह के मध्य और अंत में मजबूत रिकवरी दर्ज की गई, लेकिन मॉनसून की धीमी चाल एक चिंता का विषय बनी रही, जिसने निवेशकों और नीति-निर्माताओं के माथे पर लकीरें खींचे रखीं। सप्ताह का पहला कारोबारी दिन सोमवार शेयर बाजार के लिए एक जोरदार वापसी लेकर आया। सेंसेक्स 423 अंकों की बढ़त के साथ 77,226 पर खुला और दिन के दौरान 77,325 के सर्वकालिक उच्च स्तर तक पहुंच गया। अंत में, सेंसेक्स 291 अंक और निफ्टी 89 अंक की बढ़त के साथ बंद हुए, जिससे निवेशकों को शुक्रवार की गिरावट के बाद बड़ी राहत मिली। हालांकि, यह उत्साह मंगलवार को फीका पड़ गया, जब भारतीय बेंचमार्क सूचकांकों में भारी गिरावट दर्ज की गई। शुरुआती बढ़त के बाद बाजार लाल निशान में फिसला और अंततः सेंसेक्स लगभग 900 अंक लुढ़क गया, जबकि निफ्टी 23,900 के महत्वपूर्ण स्तर से नीचे आ गया। सूचना प्रौद्योगिकी और सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक शेयरों में बिकवाली का भारी दबाव देखा गया। सप्ताह के मध्य में, भारतीय बाजार ने प्रभावशाली वापसी की। बुधवार को सेंसेक्स-निफ्टी हरे निशान पर खुले और दिन के कारोबार में सेंसेक्स 900 से अधिक अंकों तक उछल गया, जबकि निफ्टी ने 24,050 का अहम स्तर पार कर लिया। फाइनेंशियल और आईटी सेक्टर के शेयरों ने इस बुलिश रैली में अहम भूमिका निभाई, जिससे निवेशकों को लगभग दो लाख करोड़ रुपये का फायदा मिला। गुरुवार को भी यह तेजी बरकरार रही, कच्चे तेल की गिरती कीमतों ने बाजार के सेंटीमेंट को और मजबूत किया। सेंसेक्स 109 अंक चढ़कर और निफ्टी 24,050 के पार बंद हुए। कुल मिलाकर, यह सप्ताह भारतीय बाजार की लचीली प्रकृति को दर्शाता है, लेकिन धीमी मॉनसून की चाल भविष्य के लिए एक महत्वपूर्ण चिंता बनी हुई है। सतीश मोरे/27जून ---